उत्तराखंड: बढ़ रहीं सर्पदंश की घटनाएं, जूते के डब्बे में छिपे कोबरा ने 9 वर्षीय बच्चे को काटा.. दुखद मौत
रामनगर: मानसूनी बारिश के चलते हर जगह जल भराव की स्थिति हो रही है, ऐसे में वन्य जीव सूखी जगह तलाश करने के चक्कर में घरों की तरफ आ रहे हैं। खासकर जहरीले सांप और कीड़े आपके जूतेते, कपड़ों या किसी भी गर्म जगह पर छुप जाते हैं, जो कि इंसान के लिए जान लेवा साबित हो सकता है। ऐसा ही एक मामला रामनगर से सामने आया है, यहां किंग कोबरा के डंसने से नौ वर्षीय मासूम की मौत हो गई।
जानकारी के अनुसार, नैनीताल जिले के रामनगर के गौजानी निवासी नौ वर्षीय अनस खान, पुत्र अफजाल खान देर शाम घर पर खेल रहा था। उसी दौरान अनस का पैर तख्त के नीचे रखे जूते के डिब्बे पर पड़ा। तभी उसे महसूस हुआ कि कोई कीड़ा उसकी टांग में लिपट गया है और उसने अनस का पैर काट लिया। अनस ने तुरंत अपनी मां को इस बारे में बताया, उसने बताया कि टांग में बहुत जलन हो रही है और खून भी निकल रहा है।
टांग पर मिले सर्पदंश के स्पष्ट निशान
जब अनस की मां और पड़ोसियों ने अनस की टांग पर चेक किया तो, उसके टांग पर सर्पदंश के स्पष्ट निशान थे। उसके बाद उन्होंने तख्त के पास देखा तो वहां जूते के डिब्बे के नीचे कोबरा सांप बैठा था। सांप को देखकर मौके पर मौजूद लोगों में अफरा-तफरी मच गई। उन्होंने आनन-फानन में कमरे को बंद किया और अनस को लेकर रामनगर अस्पताल के लिए रवाना हुए। अस्पताल तक पहुंचने तक अनस बेहोश हो गया था।
डॉक्टरों ने किया मृत घोषित
रामनगर अस्पताल में डॉ. तौहीब ने जांच के दौरान पाया कि अनस की टांग पर दो से तीन जगह सांप के काटने के निशान थे। डॉक्टरों ने उसे तत्काल एंटी वेनम इंजेक्शन लगाया। अनसा की गंभीर हालत को देखते हुए चिकित्सकों ने उसे हायर सेंटर रेफर कर दिया। उसके बाद परिजन अनस को लेकर बाजपुर अस्पताल पहुंचे। लेकिन तब तक अनस की मौत की मौत गई थी, बाजपुर अस्पताल में डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। बच्चे की मौत की खबर सुनते ही परिजनों में कोहराम मच गया।
सेव द स्नैक सोसायटी
इस घटना की सूचना मिलने के बाद सेव द स्नैक सोसायटी की टीम भी मौके पर पहुंची और सांप को रेस्क्यू किया। सोसायटी के सदस्य अर्जुन कश्यप ने बताया कि जिस सांप को पकड़ा गया है, वो कोबरा प्रजाति का है। इस हादसे के बाद इलाके में दहशत का माहौल छा गया है। स्थानीय निवासी अपील कर रहे हैं कि इस मौसम में सांपों की बढ़ती गतिविधियों को देखते हुए लोगों की सुरक्षा के लिए ठोस कदम उठाए जाएं।
